बेवफाई की सजा मौत। आगरा में प्रेमिका की हत्या के बाद युवक ने ऑफिस में लाश के टुकड़े किए। इसके बाद सिर को बैग में रखा और धड़ को अलग पॉलिथिन में पैक किया। कटा सिर नाले में फेंक दिया। जो अब तक नहीं मिला है। पुलिस ने धड़ का पोस्टमार्टम कराने के बाद परिवार को सौंप दिया है
उत्तर प्रदेश के आगरा के पार्वती नगर (ट्रांस यमुना) की एक कंपनी में एचआर मैनेजर मिंकी हत्याकांड में पुलिस को अभी तक उसका सिर नहीं मिल सका है। आरोपी ने प्रेमिका मिंकी का सिर झरना नाले में फेंक दिया था। युवती का धड़ पुलिस ने बरामद कर लिया, लेकिन सिर अभी तक पुलिस को नहीं मिला है। पुलिस ने सिर की तलाश में गोताखोरों को नाले में उतारा। सिर नहीं मिलने से परिजनों में आक्रोश है। वहीं, पुलिस ने धड़ का पोस्टमार्टम कराकर परिजन को सौंप दिया है। घरवालों ने बिना सिर के ही अंतिम संस्कार कर दिया है। पोस्टमार्टम में आरोपी की क्रूरता दिखाई दी। आरोपी ने सिर धड़ से अलग करने के अलावा दोनों पैर भी काटे थे। मिंकी के शरीर पर कई जगह चोट के निशान भी मिले हैं।
दरअसल, उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के थाना एत्माद्दौला स्थित जवाहर पुल पर 23 जनवरी की रात एक बजे युवती का सिर कटा शव बोरे में बंद मिला था। उसकी शिनाख्त पार्वती विहार, टेढ़ी बगिया की मिंकी शर्मा (25) के रूप में हुई। वह संजय प्लेस के मारुति प्लाजा की छठवीं मंजिल पर स्थित प्राइवेट कंपनी में एचआर मैनेजर थीं।
किसी और से बात करने लगी थी मिंकी
प्रेमी को गिरफ्तार कर पुलिस ने 24 घंटे में हत्याकांड का खुलासा किया। हत्या त्रिकोणीय प्रेम के शक में की गई थी। पुलिस ने बताया कि कंपनी के ही ट्रांस यमुना कॉलोनी निवासी कंप्यूटर ऑपरेटर विनय राजपूत ने मिंकी की हत्या कर शव को फेंका था। दोनों के बीच प्रेम संबंध थे, मगर छह महीने से मिंकी किसी और से भी बात करने लगी थी। यह बात विनय को नागवार लगी।
छह फरवरी को मिंकी के भाई की शादी
पार्वती विहार निवासी अशोक शर्मा एक कोल्ड स्टोरेज में कार्यरत हैं। उनकी तीन बेटियों में मिंकी सबसे छोटी थी। दो विवाहित हैं। छोटा भाई दीपक है। वह प्राइवेट जॉब करता है। उसकी 6 फरवरी की शादी है।
शादी का कार्ड कूरियर करने की बात कहकर घर से निकली थी मिंकी
मिंकी होटल मैनेजमेंट का कोर्स करने के बाद संजय प्लेस में मारुति प्लाजा की छठवीं मंजिल पर एक कंपनी में एचआर थी। 23 जनवरी की दोपहर 2 बजे वो घर से निकली थीं। उन्होंने परिजन से भाई की शादी का कार्ड कूरियर करने के लिए जाने की बात कही थी। रात आठ बजे तक नहीं आने पर परिजन ने तलाश की। फोन मिलाया, लेकिन वो बंद था। परिजन ऑफिस गए, मगर बंद मिला।
लाश पर नहीं थे कपड़े
रात 10 बजे थाना ट्रांस यमुना पहुंचकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर ली। उधर, रात करीब 1 बजे लोगों ने जवाहर पुल पर एक बोरा पड़ा देखा। सूचना पर पहुंची पुलिस ने बोरा खोला तो उसमें महिला का सिर कटा शव था। कपड़े भी नहीं पहने थी। पुलिस शिनाख्त के प्रयास में जुट गई।
सीसीटीवी में दिखा आरोपी
सीसीटीवी फुटेज से एक युवक स्कूटी पर बोरा लेकर जवाहर पुल की तरफ आता नजर आया। उधर, मृतका के परिजन भी तलाश में लगे थे। गुमशुदगी के आधार पर शनिवार देर रात पहचान होने पर पुलिस मृतका के ऑफिस पहुंच गई। सीसीटीवी फुटेज में विनय राजपूत बोरे को खींचकर ऑफिस से बाहर लेकर जाता नजर आया।
पुलिस ने आरोपी को पकड़ा
वह मिंकी के ही स्कूटर पर एमजी रोड और हाईवे पर लगे कैमरों में भी नजर आ गया। इससे पुलिस को पूरा अंदाजा हो गया कि हत्या उसी ने की है। डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास ने बताया कि दबिश देकर आरोपी विनय राजपूत को पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह मिंकी से प्यार करता था।
मिंकी किसी और से भी बात करती थी'
वह भी उससे शादी करना चाहती थी। दोनों ने अपने परिजन को भी बताया था। मगर छह महीने पहले उसे पता चला कि मिंकी किसी और से भी बात करती है। उससे मिलने भी जाती है। यह बात उसे खराब लगी। उसने मना किया तो दोनों के बीच झगड़े शुरू हो गए। वह उससे रुपये भी लेती थी। शादी भी नहीं करने दे रही थी।
दोस्त की मदद से पहुंचा था घर
पुलिस पूछताछ में पता चला कि हत्या के बाद ऑफिस में खून ही खून हो गया था। उसने पूरे ऑफिस को कपड़ों से साफ किया। पुलिस ने घटना का खुलासा होने पर ऑफिस को चेक किया। फॉरेंसिक टीम को बुलाया गया। ऑफिस में केमिकल की मदद से नमूने लिए। इसके साथ ही सीसीटीवी कैमरों की डीवीआर को भी कब्जे में लिया गया है।
यह भी पता किया जा रहा है कि आरोपी ने शाहदरा पर स्कूटी खड़ी की थी। वह अपने साथ कपड़े भी लेकर आया था। उन्हें बदलने के बाद घर पहुंचा था। घर जाने के लिए अपने दोस्त को बुलाया था। यह दोस्त कौन है। उसके बारे में पुलिस जानकारी जुटा रही है।
पॉलिथीन में रखने के बाद टेप लगाया
विनय को लग रहा था कि सिर नहीं मिलेगा तो पहचान नहीं हो पाएगी। इसलिए उसने धड़ से काटकर सिर को अलग किया। मृतका के कपड़े भी उतार दिए। सिर और कपड़े अलग पॉलिथीन में रख लिए। उसका मोबाइल भी अपने पास रख लिया। बैग पीठ पर टांग लिया। उधर, पॉलिथीन छोटी होने के कारण धड़ नहीं आ रहा था। इस पर उसने पैरों को भी अलग कर दिया। इसके बाद पॉलिथीन में रखने के बाद टेप लगा दिया।
रोते हुए मां बोली, बिटिया की क्यों ले ली जान?
बेटी की मौत की जानकारी से मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। उनका कहना था कि बेटी होनहार थी। पढ़-लिखकर नाम कमाना चाहती थी। जब उन्होंने सुना कि विनय ही उसका कातिल है तो बेहाल हो गईं। कहा कि वह तो हम सब को सांत्वना दे रहा था। बिटिया ने ऐसा क्या किया, जो उसकी जान ले ली। पुलिस आरोपी को सख्त से सख्त सजा दिलाए।

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